Israel Iran War Action Update. Follow President Masood Pajeskian Benjamin Netanyahu Latest News, Military Nuclear Bases Attack, Ceasefire Reports, Photos and Videos On Dainik Bhaskar.
मीटिंग के दौरान इजराइली सेना ने 6 मिसाइलें दागीं, इमरजेंसी गेट से भागेईरान और इजराइल के बीच पिछले महीने 12 दिन जंग चली है। इस दौरान 16 जून को इजराइल के हमले में ईरानी राष्ट्रपति मसूद पजशकियान घायल हो गए थे। ईरानी न्यूज एजेंसी फार्स ने इसकी जानकारी दी है। रिपोर्ट के मुताबिक इजराइल ने 16 जून को तेहरान के पश्चिमी हिस्से में एक इमारत पर 6 मिसाइलों से हमला किया था। उस समय इमारत में देश की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी कैबिनेट की बैठक चल रही थी। बैठक में उनके साथ ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ, न्यायपालिका प्रमुख गुलाम-हुसैन मोहसेनी एजेई और कई अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे। हालांकि, ईरानी अधिकारी इमारत की निचली मंजिलों पर मौजूद थे, इसलिए हमले का उन पर बहुत असर नहीं हुआ। वे इमरजेंसी गेट से भागने में कामयाब रहे।रिपोर्ट में कहा गया है कि इजराइल, राष्ट्रपति पजशकियान को नसरल्लाह की तरह मारना चाहता था। इजराइल ने 1 अक्टूबर 2024 को बेरूत में नसरल्लाह के सीक्रेट बंकर पर हमला किया था। वह हिजबुल्लाह के टॉप कमांडरों के साथ मीटिंग कर रहे थे। 64 साल के नसरल्लाह की जहरीले धुएं में दम घुटने से मौत हो गई थी। इस बार भी इजराइली मिसाइलों ने खास तौर पर इमारत के आने-जाने के रास्तों और वेंटिलेशन सिस्टम को निशाना बनाया था, ताकि अंदर मौजूद लोगों को बाहर निकलने से रोका जा सके और उन्हें दम घोंटू माहौल में फंसाया जा सके। हमले के बाद इमारत की बिजली भी काट दी गई, लेकिन वहां पहले से बनाए गए एक इमरजेंसी गेट की मदद से राष्ट्रपति और बाकी बड़े अधिकारी बाहर निकलने में सफल रहे। भागने के दौरान राष्ट्रपति पजशकियान के पांव में चोट लग गई थी। वहीं, दूसरे अधिकारियों को भी हल्की चोटें आईं। ईरान के राष्ट्रपति ने 7 जुलाई को अमेरिकी पत्रकार टकर कार्लसन को इंटरव्यू में सबसे पहले कहा था कि इजराइल ने उन्हें मारने की कोशिश की थी।कुछ दिन बाद, राष्ट्रपति पजशकियान ने 7 जुलाई को दिए एक इंटरव्यू में यह साफ तौर पर कहा था कि इजराइल ने उन्हें मारने की कोशिश की थी, लेकिन वे नाकाम रहे। राष्ट्रपति ने अमेरिकी पत्रकार टकर कार्लसन को बताया कि इजराइली सेना ने जासूसों की मदद से उस जगह की जानकारी हासिल की, जहां वे बैठक कर रहे थे, और फिर उसी जगह बमबारी की।फार्स एजेंसी ने बताया कि इजराइल के पास उस इमारत के बारे में जो सटीक जानकारी थी, वह बहुत चौंकाने वाली है। इसलिए ईरानी अधिकारी अब यह जांच कर रहे हैं कि कहीं इजराइल को अंदर से कोई जानकारी तो नहीं मिली। हालांकि, रिपोर्ट में हमले की सटीक जगह नहीं बताई गई, लेकिन ईरान इंटरनेशनल नाम की एक स्वतंत्र मीडिया संस्था ने यह दावा किया कि 16 जून को तेहरान के शाहरक-ए-गर्ब इलाके में इमारत पर हमला हुआ था। उसी संस्था की एक और रिपोर्ट में IRGC के जनरल मोहसेन रेजाई के हवाले से बताया गया कि इजराइल ने वास्तव में उस स्थान पर हमला किया था जहां राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद की बैठक चल रही थी। हालांकि इसमें किसी भी अधिकारी को गंभीर नुकसान नहीं पहुंचा। इजराइल और ईरान के बीच चल रहे 12 दिन लंबे युद्ध में इजराइल ने कई टॉप ईरानी सैन्य कमांडरों और वैज्ञानिकों को मार गिराया था।नेतन्याहू बोले- ट्रम्प को फरवरी में हमले का प्लान बताया:साथ देने का फैसला उनका था; ट्रम्प बोले- अमेरिकी हमलों से ईरान-इजराइल जंग रुकी इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि उन्होंने फरवरी में व्हाइट हाउस की यात्रा के दौरान ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को ईरान पर हमले का प्लान बता दिया था। नेतन्याहू ने यरुशलम में कैबिनेट मीटिंग से पहले कहा, 'मैंने हमले का दो प्लान शेयर किया था। एक अमेरिका के साथ और दूसरा अमेरिका के बिना। मैंने साथ देने या न देने का फैसला ट्रम्प पर छोड़ा था।'अमेरिका में FBI ने 8 खालिस्तानी गैंगस्टर किए गिरफ्तार:इंडोनेशिया में तीन भारतीयों की ड्रग तस्करी के आरोप में मौत की सजा बरकरारगुरुग्राम समेत 5 जिलों में बारिश, 8 जिलों में अलर्टभीलवाड़ा में बारिश से शहर की सड़कें तरझांसी में बारिश से उफनाई नदियां…3 बांधों के गेट खोलेसमस्तीपुर में दुकानदार के पिता की हत्या.
मीटिंग के दौरान इजराइली सेना ने 6 मिसाइलें दागीं, इमरजेंसी गेट से भागेईरान और इजराइल के बीच पिछले महीने 12 दिन जंग चली है। इस दौरान 16 जून को इजराइल के हमले में ईरानी राष्ट्रपति मसूद पजशकियान घायल हो गए थे। ईरानी न्यूज एजेंसी फार्स ने इसकी जानकारी दी है। रिपोर्ट के मुताबिक इजराइल ने 16 जून को तेहरान के पश्चिमी हिस्से में एक इमारत पर 6 मिसाइलों से हमला किया था। उस समय इमारत में देश की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी कैबिनेट की बैठक चल रही थी। बैठक में उनके साथ ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ, न्यायपालिका प्रमुख गुलाम-हुसैन मोहसेनी एजेई और कई अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे। हालांकि, ईरानी अधिकारी इमारत की निचली मंजिलों पर मौजूद थे, इसलिए हमले का उन पर बहुत असर नहीं हुआ। वे इमरजेंसी गेट से भागने में कामयाब रहे।रिपोर्ट में कहा गया है कि इजराइल, राष्ट्रपति पजशकियान को नसरल्लाह की तरह मारना चाहता था। इजराइल ने 1 अक्टूबर 2024 को बेरूत में नसरल्लाह के सीक्रेट बंकर पर हमला किया था। वह हिजबुल्लाह के टॉप कमांडरों के साथ मीटिंग कर रहे थे। 64 साल के नसरल्लाह की जहरीले धुएं में दम घुटने से मौत हो गई थी। इस बार भी इजराइली मिसाइलों ने खास तौर पर इमारत के आने-जाने के रास्तों और वेंटिलेशन सिस्टम को निशाना बनाया था, ताकि अंदर मौजूद लोगों को बाहर निकलने से रोका जा सके और उन्हें दम घोंटू माहौल में फंसाया जा सके। हमले के बाद इमारत की बिजली भी काट दी गई, लेकिन वहां पहले से बनाए गए एक इमरजेंसी गेट की मदद से राष्ट्रपति और बाकी बड़े अधिकारी बाहर निकलने में सफल रहे। भागने के दौरान राष्ट्रपति पजशकियान के पांव में चोट लग गई थी। वहीं, दूसरे अधिकारियों को भी हल्की चोटें आईं। ईरान के राष्ट्रपति ने 7 जुलाई को अमेरिकी पत्रकार टकर कार्लसन को इंटरव्यू में सबसे पहले कहा था कि इजराइल ने उन्हें मारने की कोशिश की थी।कुछ दिन बाद, राष्ट्रपति पजशकियान ने 7 जुलाई को दिए एक इंटरव्यू में यह साफ तौर पर कहा था कि इजराइल ने उन्हें मारने की कोशिश की थी, लेकिन वे नाकाम रहे। राष्ट्रपति ने अमेरिकी पत्रकार टकर कार्लसन को बताया कि इजराइली सेना ने जासूसों की मदद से उस जगह की जानकारी हासिल की, जहां वे बैठक कर रहे थे, और फिर उसी जगह बमबारी की।फार्स एजेंसी ने बताया कि इजराइल के पास उस इमारत के बारे में जो सटीक जानकारी थी, वह बहुत चौंकाने वाली है। इसलिए ईरानी अधिकारी अब यह जांच कर रहे हैं कि कहीं इजराइल को अंदर से कोई जानकारी तो नहीं मिली। हालांकि, रिपोर्ट में हमले की सटीक जगह नहीं बताई गई, लेकिन ईरान इंटरनेशनल नाम की एक स्वतंत्र मीडिया संस्था ने यह दावा किया कि 16 जून को तेहरान के शाहरक-ए-गर्ब इलाके में इमारत पर हमला हुआ था। उसी संस्था की एक और रिपोर्ट में IRGC के जनरल मोहसेन रेजाई के हवाले से बताया गया कि इजराइल ने वास्तव में उस स्थान पर हमला किया था जहां राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद की बैठक चल रही थी। हालांकि इसमें किसी भी अधिकारी को गंभीर नुकसान नहीं पहुंचा। इजराइल और ईरान के बीच चल रहे 12 दिन लंबे युद्ध में इजराइल ने कई टॉप ईरानी सैन्य कमांडरों और वैज्ञानिकों को मार गिराया था।नेतन्याहू बोले- ट्रम्प को फरवरी में हमले का प्लान बताया:साथ देने का फैसला उनका था; ट्रम्प बोले- अमेरिकी हमलों से ईरान-इजराइल जंग रुकी इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि उन्होंने फरवरी में व्हाइट हाउस की यात्रा के दौरान ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को ईरान पर हमले का प्लान बता दिया था। नेतन्याहू ने यरुशलम में कैबिनेट मीटिंग से पहले कहा, 'मैंने हमले का दो प्लान शेयर किया था। एक अमेरिका के साथ और दूसरा अमेरिका के बिना। मैंने साथ देने या न देने का फैसला ट्रम्प पर छोड़ा था।'अमेरिका में FBI ने 8 खालिस्तानी गैंगस्टर किए गिरफ्तार:इंडोनेशिया में तीन भारतीयों की ड्रग तस्करी के आरोप में मौत की सजा बरकरारगुरुग्राम समेत 5 जिलों में बारिश, 8 जिलों में अलर्टभीलवाड़ा में बारिश से शहर की सड़कें तरझांसी में बारिश से उफनाई नदियां…3 बांधों के गेट खोलेसमस्तीपुर में दुकानदार के पिता की हत्या
Israel Military Nuclear Bases Attack Iran Drone IRGC Army IDF Iran-Israel Military Power Israel Iran Drone Base Iran Nuclear Site Iran Fighter Jet Iran Fighter Jet Israel Defence Force
इंडिया ताज़ा खबर, इंडिया मुख्य बातें
Similar News:आप इससे मिलती-जुलती खबरें भी पढ़ सकते हैं जिन्हें हमने अन्य समाचार स्रोतों से एकत्र किया है।
'ईरान में शांति होगी या फिर विनाश...', परमाणु ठिकानों पर अमेरिकी अटैक के बाद ट्रंप का देश को संबोधन; बताई हमले की वजहईरान पर हमले के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने राष्ट्र को संबोधित किया है। इस दौरान उन्होंने ईरान और इजरायल के युद्ध पर खुलकर बात की है।
और पढो »
ईरान की न्यूक्लियर साइट पर हमले के बाद तेहरान में सरकार बदलेंगे ट्रंप, खामेनेई को हटाने के लिए दिया MIGA का नारा!अमेरिका ने रविवार सुबह ईरान के फोर्डो, नतांज और इस्फहान के परमाणु ठिकानों पर हमले किए थे। अमेरिका और इजरायल ने ईरान में हमलों को अपनी बड़ी सफलता रहा है।
और पढो »
ईरान ने इजरायल पर दागीं आठ मिसाइलें, 3 की मौत कई घायलईरान ने इजरायल पर दागीं आठ मिसाइलें, 3 की मौत कई घायल
और पढो »
पाकिस्तान ने साहसिक रुख दिखाया, शुक्रिया... ईरानी आर्मी चीफ ने पाकिस्तानी सेना प्रमुख मुनीर को क्यों किया फोन, जानें वजहइजरायल के ईरान पर हमले को पाकिस्तान ने उकसावे वाली कार्रवाई बताते हुए विरोध किया था। पाकिस्तान की सेना और सरकार के इस रुख के लिए ईरान ने आभार जताया है।
और पढो »
इजराइल का यमन में हूती लड़ाकों के पोर्ट पर हमला: कहा- हम पर जो हाथ उठेगा, काट देंगे; इजराइल-हमास कतर में सी...Israel Yemen Houthi Port Strikes Update इजराइल और हमास के बीच कतर में सोमवार को शांति वार्ता से पहले इजराइली सेना ने यमन में ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों को निशाना बनाया।
और पढो »
Israel-Iran Attack: इस्राइल के हमले में घायल हुए थे ईरान के राष्ट्रपति, हसन नसरल्लाह की तरह मारने की थी प्लानिंगIsrael-Iran Attack: इस्राइल के हमले में घायल हो थे ईरान के राष्ट्रपति, हसन नसरल्लाह की तरह मारने की थी प्लानिंग Iran President injured in Israel Attack विदेश
और पढो »




